मेरठ हत्याकांड की घटना पूरे देश प्रदेश को दहला दिया। वही मुस्कान और साहिल पहले से ही सौरभ को रास्ते से हटाने की योजना बना चुके थे। इसके लिए उन्होंने नींद की गोलियां, चाकू, उस्तरा और पॉलीथिन बैग पहले ही खरीद लिए थे। आखिरकार, 3 मार्च की रात उन्होंने अपने प्लान को अंजाम दिया। लंदन से लौटे सौरभ कुमार की उसकी पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला ने मिलकर बेरहमी से हत्या कर दी। हत्या के बाद दोनों ने शव के चार टुकड़े कर प्लास्टिक के ड्रम में भरकर सीमेंट से सील कर दिया ताकि किसी को शक न हो।
हत्या के बाद भी मुस्कान और साहिल को कोई पछतावा नहीं था। बल्कि, उन्होंने इसे एक नई जिंदगी की शुरुआतमाना और अगले ही दिन हिमाचल प्रदेश की ट्रिप पर रवाना हो गए। 14 मार्च को कसोल में एक रेव पार्टी में दोनों रंगों से सराबोर होकर झूमते दिखे। इस दौरान उनका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसे पुलिस ने जांच में शामिल कर लिया है।
धीरे धीरे हो रहा इस घटना का खुलासा
पुलिस जांच में सामने आया कि मुस्कान और साहिल ने नवंबर 2024 में ही सौरभ को मारने की योजना बना ली थी। दोनों ने गांव-गांव जाकर पता किया कि जानवरों को मरने के बाद कहां दफनाया जाता है, ताकि शव को वहां ठिकाने लगाया जा सके। इसके बाद 22 फरवरी को मुस्कान ने डॉक्टर से डिप्रेशन की दवा लिखवाकर नींद की गोलियां खरीदीं। दोनों ने मीट काटने वाले 800 रुपये के दो चाकू और 300 रुपये में उस्तरा खरीदा।
मिली जानकारी के अनुसार, वर्ष 2016 में सौरभ का मुस्कान रस्तोगी से प्रेम विवाह हुआ था। दोनों की पांच साल की बेटी पीहू है। सौरभ पत्नी और बेटी के साथ इंदिरानगर में ओमपाल के मकान में तीन साल से किराये पर रह रहा था। पिता मुन्नालाल, भाई बबलू और मां रेनू ब्रह्मपुरी में ही अलग रह रहे हैं। मुस्कान का परिवार भी उसी मोहल्ले में रहता है। वह अपनी बेटी को अक्सर मायके छोड़ देती थी। हालांकि वारदात के दिन पीहू घर में ही थी और और बराबर के कमरे में सो रही थी। हत्यारोपी साहिल शुक्ला सीए है और पड़ोस में ही रहता है। सौरभ नौकरी के कारण कई महीनों बाद आता था। इसी वजह से साहिल शुक्ला और मुस्कान की नजदीकियां बढ़ गईं। सौरभ कुमार लंदन में एक बेकरी में नौकरी करते थे। वह 24 फरवरी को मेरठ अपने घर लौटे थे, ताकि अपनी पत्नी मुस्कान का 25 फरवरी और बेटी पीहू का 28 फरवरी को जन्मदिन मना सकें। लेकिन यह जश्न उनकी जिंदगी का आखिरी जश्न बन गया।
3 मार्च की रात मुस्कान ने सौरभ के खाने में नींद की गोलियां मिला दीं। जब वह गहरी नींद में चला गया, तो उसने अपने प्रेमी साहिल को बुलाया। दोनों ने मिलकर सौरभ के ऊपर चाकू से ताबड़तोड़ वार किए और उसकी हत्या कर दी।
इसके बाद दोनों ने बाथरूम में जाकर उस्तरे से सौरभ के शरीर के चार टुकड़े किए। शव को ठिकाने लगाने के लिए उन्होंने प्लास्टिक के ड्रम में डाला और ऊपर से सीमेंट और डस्ट का घोल डालकर उसे पूरी तरह सील कर दिया।
हत्या के बाद भी कोई पछतावा नहीं, होली के जश्न में डूबे रहे आरोपी
हत्या करने के बाद मुस्कान और साहिल ने 5 मार्च को हिमाचल प्रदेश की ट्रिप प्लान की। वहां मनाली, कसोल और शिमला में मौज-मस्ती करते रहे। 14 मार्च को होली के दिन कसोल में दोनों ने जश्न मनाया और नशे में धुत होकर डीजे पार्टी में नाचे। पुलिस को जैसे ही इनके जश्न का वीडियो मिला, वे जांच में जुट गए। 17 मार्च को जब मुस्कान और साहिल हिमाचल से लौटे, तो मुस्कान ने अपने पिता प्रमोद रस्तोगी से झूठ कहा कि सौरभ की हत्या उसके परिजनों ने की है। लेकिन बार-बार पूछने पर मुस्कान ने अपने गुनाह कबूल कर लिए और पूरी वारदात बता दी। 18 मार्च को मुस्कान के परिजन उसे लेकर ब्रह्मपुरी थाने पहुंचे और पुलिस को पूरी घटना बताई। पुलिस ने तुरंत साहिल शुक्ला को गिरफ्तार किया और उसकी निशानदेही पर ब्रह्मपुरी में किराए के मकान से सौरभ का शव बरामद कर लिया।
24 घंटे तक शव के टुकड़ों के साथ रहे आरोपी
हत्या के बाद साहिल ने 24 घंटे तक सौरभ का सिर और कटे हुए हाथ अपने कमरे में रखे और उसी के पास सोया। वहीं, मुस्कान ने सौरभ का धड़ बेड के बॉक्स में रखा और उसी पर सोई।
पुलिस की टीम हिमाचल रवाना, जांच जारी
मेरठ पुलिस ने इस हत्याकांड की गहन जांच शुरू कर दी है। एक विशेष टीम हिमाचल प्रदेश भेजी गई है, जो यह पता लगाएगी कि हत्या के बाद आरोपी कहां-कहां गए और किस-किस के संपर्क में रहे।
इस निर्मम हत्या ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस का कहना है कि मुस्कान और साहिल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और दोनों को सख्त सजा दिलाने की पूरी कोशिश की जाएगी।