CG KHABAR : रायपुर । बढ़े हुए बिजली बिल को सत्ता प्रायोजित लूट करार देते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है कि भाजपा सरकार ने पहले 4-4 बार घरेलू बिजली की दरों में वृद्धि करके 80 पैसे प्रति यूनिट दाम बढ़ाए, फिर पूर्ववर्ती कांग्रेस की सरकार के द्वारा राहत, 400 यूनिट तक बिजली बिल हॉफ योजना ख़त्म करके औसतन हर घरेलू उपभोक्ताओं को लगभग दोगुना बिजली का बिल भेजा है। लगातार 5 वर्षों तक जो राहत आम जनता को बिजली के बिल में जो राहत मिल रही थी, भाजपा की सरकार ने वह रियायत छीन लिया है। यही नहीं अब तो स्मार्ट मीटर लगाकर अनाप शनाप वसूली कर रहे हैं। सरकार के इस अन्यायपूर्ण फैसले से आम आदमी का बजट बिगड़ गया है।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी का वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है कि प्रदेश के 54 लाख घरेलू उपभोक्ताओं को साल में 40 से 50 हजार की बचत होती थी, लेकिन इस सरकार की दुर्भावना के चलते बिजली की दरों में बढ़ोतरी हो गई है। कोयला हमारा, जमीन हमारी, पानी हमारा लेकिन भाजपा निर्मित महंगाई के चलते हमसे ही बिजली के महंगे दाम वसूले जा रहे हैं। सरकार की अकर्मण्यता और दुर्भावना से सरप्लस पावर वाला छत्तीसगढ़ आज बिजली कटौती से जूझ रहा है, हालात यह है कि बिजली आधी और दाम दुगुने हो गए हैं। पॉवर लॉस, बिजली चोरी, सरकारी बंगलों और बड़े पूंजीपतियों के आगे यह सरकार सरेंडर है और उसका नुकसान भी यह सरकार आम जनता से वसूल रही है।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है भाजपा की सरकारें जनता को लूटने के नए-नए तरीके इजात करती है। मोदी सरकार आने के बाद से कोयल पर ग्रीन टैक्स कई गुना बढ़ाए गए, पावर प्लांट में फायर के लिए आवश्यक कंपोनेंट डीजल पर सेंट्रल एक्साइज बढ़ाए, रेलवे और सड़क परिवहन का माल भाड़ा बढ़ाए, फिर भी मन नहीं भरा, अब जीएसटी 2.0 में बिजली उत्पादन के मेन कॉम्पोनेंट कोयले पर जीएसटी की दर 5 प्रतिशत से बढ़कर 18 प्रतिशत लगाया गया है, जिसका सीधा असर बिजली के उत्पादन लागत पर पड़ेगा आने वाले दिनों में यह सरकार बिजली के दाम और बढ़ाएगी। भाजपा की सरकार प्रदेश के संसाधन, खनिज और जंगल पूंजीपतियों पर लुटाकर छत्तीसगढ़ को अडानीगढ़ बनाने तत्पर हैं। हर तरह की राहत और रियायत केवल मोदी के मित्र अडानी के लिए है, अब तो छत्तीसगढ़ में अडानी की कंपनी का प्री पैड मीटर भी लगाने की तैयारी है। आम जनता अपना पेट काटकर, अपने खून पसीने की कमाई से मीटर रिचार्ज कराए और सत्ता के साथ षडयंत्र करके अडानी आम जनता के जेब में डकैती डाले, क्या यही चाहती है भाजपा सरकार? वोट चोरी करके सत्ता पर काबिज इस सरकार को आमजनता की परेशानियों से कोई सरोकार नहीं है, इस जन विरोधी आततायी सरकार का असली चेहरा बेनकाब हो चुका है। बिजली बिल के नाम पर लूट के खिलाफ कांग्रेस का आंदोलन पूरे प्रदेश में चल रहा है और आने वाले दिनों में यह और तेज होगा।










