CG News : दुर्गूकोंदल । भारत और अमेरिका के बीच हुए ट्रेड डील को लेकर शिवसेना नेता चंद्रमौली मिश्रा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इस समझौते का सबसे बड़ा नुकसान भारत की मध्यम वर्गीय जनता और गरीब किसानों को उठाना पड़ेगा। उनके अनुसार आने वाले दिनों में देश में महंगाई और अधिक बढ़ सकती है, जिससे आम जनता की परेशानी बढ़ेगी। चंद्रमौली मिश्रा ने आरोप लगाया कि इस ट्रेड डील में टैरिफ का संतुलन भारत के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि भारत से अमेरिका जाने वाले उत्पादों पर अमेरिका लगभग 18 प्रतिशत टैरिफ वसूलेगा, जबकि अमेरिका से भारत आने वाले कई उत्पादों पर भारत जीरो प्रतिशत टैक्स लेगा। इस असमानता का सीधा असर देश के व्यापार और घरेलू बाजार पर पड़ेगा।
उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका के दबाव में भारत को रूस से मिलने वाला सस्ता तेल छोड़कर अमेरिका से महंगे दर पर तेल खरीदना पड़ सकता है, जिससे ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी होगी और इसका असर परिवहन, खाद्य सामग्री व अन्य जरूरी वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ेगा। शिवसेना नेता ने चिंता जताई कि अमेरिका से आने वाले कृषि उत्पादों पर यदि शून्य कर लगाया गया, तो भारत के किसान सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे। उन्होंने कहा कि अमेरिका में किसानों को सरकार द्वारा भारी सब्सिडी दी जाती है, जिससे वहां का गेहूं, कपास और डेयरी उत्पाद भारत में कम कीमत पर उपलब्ध हो सकते हैं। इसके कारण भारतीय किसानों का अनाज बाजार में उचित मूल्य नहीं पा सकेगा और उनके उत्पाद गोदामों में सड़ने की स्थिति बन सकती है। चंद्रमौली मिश्रा ने कहा कि भारत में कृषि उत्पादन लागत पहले से ही अधिक है। ऐसे में भारतीय किसान चाहकर भी अमेरिका के कृषि बाजार से प्रतिस्पर्धा नहीं कर पाएंगे। उन्होंने दावा किया कि यदि यह स्थिति बनी रही, तो देश की किसानी और किसान दोनों ही बर्बादी की ओर चले जाएंगे।
अंत में उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि किसी भी ट्रेड डील में देश के किसानों, मध्यम वर्ग और घरेलू उद्योगों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, अन्यथा इसके गंभीर परिणाम देश को भुगतने पड़ सकते हैं।










