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वेदिका सागर हत्या मामले में आज़ाद चौक थाना का हुआ घेराव _Newsxpress

CG Khabar : रायपुर| छत्तीसगढ़,दिनांक 14/1/ 2026 चौबे कालोनी स्थित गीता नगर झुग्गी बस्ती के सैकड़ों निवासियों, परिजनों तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं ने दिनांक 13/1/2025 कोपुलिस थाना आज़ाद चौक का लोकतांत्रिक तरीक़े से घेराव-प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन बस्ती निवासिनी नाबालिग दलित बेटी वेदिका सागर की हत्या के मामले में न्याय व त्वरित कार्रवाई की माँग को लेकर आयोजित किया गया।

ज्ञात हो कि दिनांक 23/12/2025 को आरोपी टी सुनील राव उर्फ़ सीनू के विरुद्ध थाना आज़ाद चौक द्वारा धारा 296, 115(2), 351(2), 117(3) BNS के तहत अपराध क्रमांक 0370/2025 में मामला दर्ज किया गया था। इस हमले में गम्भीर रूप से घायल वेदिका का मेकाहारा इलाज के दौरान निधन हो गया, जिससे पूरे समाज में गहरा आक्रोश एवं शोक है।

प्रदर्शन में शामिल नागरिकों व कार्यकर्ताओं ने निम्नलिखित माँगों को रखा:

  1. इस मामले की निष्पक्ष तथा त्वरित जाँच की जाए।
  2. आरोपियों के विरुद्ध प्रारंभिक एफआईआर में हत्या के आरोप (धारा 103 BNS) तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की प्रासंगिक धाराएँ तत्काल जोड़ी जाएँ, क्योंकि पीड़िता एक दलित परिवार से ताल्लुक रखती थीं और यह जातिगत हिंसा व उत्पीड़न का स्पष्ट मामला प्रतीत होता है।
  3. पीड़ित परिवार को तुरंत आर्थिक सहायता तथा सरकारी नौकरी में एक सदस्य का त्वरित पुनर्वास प्रदान किया जाए।
  4. पीड़िता के परिजनों व गवाहों की सुरक्षा का पुख्ता इंतज़ाम किया जाए।

इस इस दौरान सामाजिक न्याय कार्यकर्ता अधिवक्ता भगवानू नायक ने कहा कि, “यह केवल एक हत्या का मामला नहीं, बल्कि एक दलित बेटी के साथ किया गया अत्याचार और सामाजिक अन्याय है। पुलिस द्वारा तत्काल एफआईआर में हत्या व एससी/एसटी एक्ट के गम्भीर प्रावधान जोड़ना न्याय हित में आवश्यक है। हम माँग करते हैं कि प्रशासन तुरंत इन कमियों को दूर करे और दोषियों को कठोरतम सज़ा दिलाने की प्रक्रिया शुरू करे।” उन्होंने कहा लगातार ग़रीबों और वंचित के साथ अपराध में बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने मुख्यमंत्री और गृहमंत्री से माँग करते हुए इस दिशा में ठोस कार्यवाही कर गरीब वंचित समाज को न्याय दिलाने की माँग की है।

सामाजिक नेता प्रीतम महानंद, महिला नेत्री पिंकी निहाल व युवा नेत्री रोशनी बाघ ने भी अपने-अपने विचार रखते हुए न्याय की त्वरित प्रक्रिया की माँग की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जल्द हत्या व एससी/एसटी एक्ट के आरोप नहीं जोड़े गए और न्याय में देरी हुई, आगे न्याय हित लोकतांत्रिक तरीक़े से अपनी माँग को लेकर आंदोलन करेंगे।

पुलिस प्रशासन ने माँगों पर गम्भीरता से विचार करने तथा उच्च स्तर पर जाँच कराने का आश्वासन दिया है।

हम सभी शांतिपूर्ण नागरिक व सामाजिक संगठन प्रशासन से अपेक्षा करते हैं कि वह तत्काल इन न्यायसंगत माँगों पर कार्रवाई करे तथा पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की दिशा में ठोस कदम उठाए।

घेराव प्रदर्शन में प्रमुख रूप से सामाजिक न्याय कार्यकर्ता अधिवक्ता भगवानू नायक, सामाजिक नेता प्रीतम महानंद, महिला नेत्री पिंकी निहाल, युवा नेत्री रोशनी बाघ सहित सैकड़ों झुग्गीवासी और पिड़ीता के परिजन उपस्थित थे।

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